UP Board 2025: Latest Rules and Updates Every Student Must Know

UP Board 2025: Latest Rules and Updates Every Student Must Know

उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद ने हाईस्कूल और इंटरमीडिएट परीक्षा 2026 के लिए परीक्षा केंद्र बनाने की नई नीति जारी की है। इस बार केवल उन्हीं स्कूलों को परीक्षा केंद्र बनाया जाएगा जहाँ CCTV कैमरे लगे हों, सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित हो और सभी आवश्यक सुविधाएँ उपलब्ध हों। प्रक्रिया 10 नवंबर से शुरू होकर 30 दिसंबर तक चलेगी, और इसका उद्देश्य परीक्षा को पूरी तरह सुरक्षित, पारदर्शी और नकल-मुक्त बनाना है। बोर्ड सभी स्कूलों की डिजिटल जाँच, भौतिक निरीक्षण और मार्किंग सिस्टम के आधार पर केंद्र आवंटित करेगा, ताकि किसी भी प्रकार की त्रुटि या अनुचित गतिविधि की संभावना न रहे और छात्रों को सुरक्षित परीक्षा वातावरण मिल सके।

Key Points for Exam Centers

  • जिन स्कूलों में पहले नकल के मामले सामने आए हैं, वहाँ परीक्षा केंद्र नहीं बनाया जाएगा।
  • पिछले तीन सालों में जिन स्कूलों का रिजल्ट बहुत अच्छा रहा है, उनकी विशेष जांच की जाएगी।
  • स्कूल में CCTV, बिजली, पानी, पर्याप्त कमरे और डेस्क-बेंच जैसी सभी आवश्यक सुविधाएँ मौजूद होनी चाहिए।
  • जिन स्कूलों का परीक्षा रिकॉर्ड अच्छा रहा है, उन्हें प्राथमिकता दी जाएगी।
  • परीक्षा केंद्र आवंटन पूरी तरह अंक और मानदंडों के आधार पर किया जाएगा।
  • कमजोर सुविधाओं वाले स्कूलों को परीक्षा केंद्र नहीं बनाया जाएगा।
  • जिन विद्यालयों में शिक्षकों और विद्यार्थियों की ऑनलाइन उपस्थिति (Attendance) की व्यवस्था है, उन्हें विशेष प्राथमिकता दी जाएगी।
  • एक परीक्षा केंद्र पर न्यूनतम छात्रों की संख्या 250 और अधिकतम 2200 हो सकती है।
  • लड़कियों के कॉलेजों में लड़कों के लिए परीक्षा केंद्र नहीं बनाया जाएगा।
  • एक ही प्रबंधक और उसके परिवार द्वारा संचालित विद्यालयों में परीक्षा केंद्र नहीं बनाए जाएंगे।

Process for Exam Center Allocation

  • 10 November: स्कूलों की प्रारंभिक जांच शुरू होगी।
  • Submission of Facilities Report: सभी स्कूल अपनी सुविधाओं की रिपोर्ट जमा करेंगे।
  • 17 November: सभी दस्तावेज़ों (Documents) का सत्यापन किया जाएगा।
  • 24 November: सभी जानकारी बोर्ड के पोर्टल पर अपलोड की जाएगी।
  • 24–28 November: समिति द्वारा अंतिम रिपोर्ट तैयार की जाएगी।
  • 28 November: Debar Colleges की सूची जारी की जाएगी।
  • 04 December: आपत्तियां / प्रत्यावेदन ऑनलाइन प्राप्त करने की अंतिम तिथि।
  • 11 December: जिला स्कूल इंस्पेक्टर (District School Inspector) द्वारा आपत्तियों का निस्तारण।
  • 17 December: केंद्रों की सूची परिषद की वेबसाइट पर अपलोड की जाएगी।
  • 22 December: यदि किसी को पुनः आपत्ति हो, तो वह ऑनलाइन दर्ज कर सकेगा।
  • 30 December: अंतिम रूप से परीक्षा केंद्रों की सूची जारी की जाएगी।

Marks Allocation for Exam Centers

उपलब्ध सुविधाएँ / मानदंडनिर्धारित अंक
इंटरमीडिएट स्तर के विद्यालय20
केवल हाईस्कूल स्तर के विद्यालय10
राजकीय विद्यालय50
अशासकीय सहायता प्राप्त विद्यालय40
स्ववित्तपोषित विद्यालय20
पक्के कक्ष05
विद्यार्थियों की संख्या 500, 750 एवं 1000 या अधिकक्रमशः 10, 20 और 30
अध्ययन कार्य CCTV कैमरों की निगरानी में होने पर10
2025 में परीक्षा केंद्र होने पर20
2025 में हाईस्कूल का उत्तीर्ण प्रतिशत 90% या अधिक10
2025 में इंटरमीडिएट का उत्तीर्ण प्रतिशत 90% या अधिक10
स्मार्ट क्लास10
2025 की हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट परीक्षा में जनपद स्तर पर टॉप 10 में स्थान पाने पर10
2025 की हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट परीक्षा में प्रदेश स्तर पर टॉप 10 में स्थान पाने पर20
विद्यार्थियों की उपस्थिति ऑनलाइन पोर्टल पर दर्ज करने वाले विद्यालय100

Why the New Policy is Being Implemented

परीक्षा को पूरी तरह नकल-मुक्त बनाने के उद्देश्य से यह नई नीति लागू की जा रही है, ताकि परीक्षाएं बिना किसी cheating के, पूरी तरह साफ और पारदर्शी तरीके से आयोजित हो सकें। स्कूलों का चयन भी स्पष्ट और पारदर्शी रखा जाएगा, यानी यह पता होगा कि किस स्कूल को परीक्षा केंद्र बनाया जा रहा है। जिन स्कूलों में आवश्यक सुविधाएँ कम हैं—जैसे CCTV नहीं है, कमरे छोटे हैं या सुरक्षा पर्याप्त नहीं है—उन कमजोर स्कूलों को सूची से हटा दिया जाएगा। केंद्र आवंटन अब पूरी तरह डिजिटल और नियम-आधारित तरीके से किया जाएगा, जिससे किसी भी प्रकार की मनमानी या गलती की संभावना समाप्त हो जाएगी। इस नीति का एक महत्वपूर्ण उद्देश्य यह भी है कि किसी की सिफारिश, दबाव या बाहरी प्रभाव का कोई असर न पड़े और हर स्कूल को समान अवसर प्राप्त हो।

Benefits of the New Policy

इस नई नीति से केवल अच्छे और सुविधाजनक स्कूलों को ही परीक्षा केंद्र बनाया जाएगा, जबकि गड़बड़ी वाले स्कूल अपने आप बाहर हो जाएंगे। प्रत्येक जिले में परीक्षा केंद्रों का संतुलित वितरण सुनिश्चित किया जाएगा, ताकि किसी जिले में बहुत अधिक और किसी जिले में बहुत कम केंद्र न हों। छात्रों को शांत, सुरक्षित और व्यवस्थित परीक्षा वातावरण प्राप्त होगा, जिससे वे अपने पेपर पर पूरी तरह ध्यान केंद्रित कर सकेंगे। इस बदलाव का सबसे बड़ा लाभ छात्रों को होगा, क्योंकि उन्हें एक साफ, सुरक्षित और stör-free जगह पर परीक्षा देने का अवसर मिलेगा, जिससे उनकी प्रदर्शन क्षमता और मनोबल दोनों बढ़ेंगे।

Frequently Asked Questions

Why is the new policy being implemented

To make exams completely cheating-free and transparent

Which schools will be selected as exam centers

Only schools with CCTV, adequate rooms, proper security, and other essential facilities

What will happen to weak schools

Schools with insufficient facilities will be removed from the list

How will center allotment be done

The entire process will be digital and rule-based to prevent any arbitrariness

What is the benefit for students

Students will get a calm, secure, and well-organized exam environment

Conclusion

UP Board Exam Center policy for 2026 is designed to ensure a completely transparent, secure, and cheating-free examination environment. By selecting only well-equipped and reliable schools, the board aims to provide students with a safe and organized place to focus on their exams. The digital, rule-based center allotment process minimizes errors, eliminates arbitrariness, and ensures fairness across all districts. This policy not only strengthens the integrity of the examination system but also gives every student an equal opportunity to perform in a stress-free environment. Ultimately, the initiative prioritizes student safety, convenience, and academic fairness, making the examination process smoother and more efficient for all stakeholders

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